प्रणय का निकष और अन्य कविताएँ भौतिकीय राशियों, मानकों और अवधारणाओं के बिम्बों और प्रतीकों में पिरोयी हुई एक आत्मकथात्मक काव्य कृति जिसमें प्रणय का निकष (प्रेम) (संयोगवश कवि का उपनाम भी) दोनों के आविर्भाव और निकष के ऊपर आधारित है। साथ अन्य कविताएँ कवि की एक नयी भाषा की खोज है।